Politics

आंतकवाद के खिलाफ अमित शाह की बेठक

सरकार के प्रयासों से जम्मू-कश्मीर में आतंकवाद के इकोसिस्टम के कमजोर होने को रेखांकित करते हुए गृह व सहकारिता मंत्री अमित शाह ने ड्रग्स तस्करी से हो रही आतंकी फंडिंग को तत्परता और सख्ती से निपटने को कहा है।जम्मू-कश्मीर में सुरक्षा के हालात की समीक्षा के लिए बुलाई उच्च स्तरीय बैठक को संबोधित करते हुए शाह ने साफ किया कि हमारा लक्ष्य आतंकवादियों के अस्तित्व को जड़ से खत्म करना है।

बैठक में जम्मू-कश्मीर के उपराज्यपाल मनोज सिन्हा, केंद्रीय गृह सचिव गोविंद मोहन, खुफिया ब्यूरो के निदेशक तपन डेका, जम्मू-कश्मीर के मुख्य सचिव व पुलिस महानिदेशक सहित गृह मंत्रालय और जम्मू कश्मीर प्रशासन के वरिष्ठ अधिकारी मौजूद थे। इसके एक दिन पहले हुई समीक्षा बैठक में थल सेनाध्यक्ष जनरल उपेंद्र द्विवेदी भी शामिल हुए थे।

गृह मंत्रालय के आधिकारिक सूत्रों के अनुसार, जम्मू-कश्मीर के अधिकारियों ने राज्य में आतंकवाद और उसके इकोसिस्टम की स्थिति पर विस्तृत प्रजेंटेशन दिया। इसके साथ ही अंतरराष्ट्रीय सीमा व नियंत्रण रेखा से घुसपैठ की स्थिति पर जानकारी दी गई। अमित शाह ने सभी सुरक्षा एजेंसियों को जीरो घुसपैठ का लक्ष्य रखकर आतंकवाद के खिलाफ लड़ाई को आगे बढ़ाने का निर्देश दिया।

शाह ने साफ किया कि एजेंसियों को घुसपैठ और आतंकवाद के खिलाफ बिना किसी देरी के कठोर कार्रवाई करनी चाहिए। अमित शाह ने कहा कि नार्को नेटवर्क जम्मू-कश्मीर में ड्रग्स की तस्करी के साथ घुसपैठ और आतंकियों को गतिविधियां चलाने में भी मदद कर रहे हैं। ड्रग्स तस्करी से प्राप्त पैसे से हो रही टेरर फंडिंग तो रोकने के लिए तत्परता से कार्रवाई करना होगा।

उन्होंने साफ किया कि मोदी सरकार आतंकवाद के खिलाफ जीरो टोलरेंस की नीति के साथ जम्मू-कश्मीर से आतंकवाद के पूर्ण खात्मे प्रति प्रतिबद्ध है। उन्होंने सभी एजेंसियों को इसके लिए बेहतर समन्वय के साथ काम करने को कहा। शाह ने कहा कि सुरक्षा के सभी मानकों पर जम्मू-कश्मीर में महत्वपूर्ण सुधार हुआ है और उसके लिए सुरक्षा एजेंसियों के प्रयासों की सराहना की।

(इस खबर को अभिनव भारत न्यूज की टीम ने संपादित नहीं किया है. यह न्यूज डिजिटल मीडिया के माध्यम से सीधे प्रकाशित की हुई है)

Related Articles

Leave a Reply

Back to top button